Home देश अब गोदी मीडिया की चर्चा अंग्रेजी में भी !!

अब गोदी मीडिया की चर्चा अंग्रेजी में भी !!

आईएएस अधिकारी को नोटिस मुसलमान को निशाना बनाना है या गोदी मीडिया को पुचकार?

-संजय कुमार सिंह।।
आपने सुना होगा या सोशल मीडिया पर पढ़ा होगा कि चुनाव के दौरान प्रधानमंत्री के हेलीकॉप्टर की तलाशी लेने वाले आईएएस अधिकारी मोहम्मद मोहसिन को कर्नाटक सरकार ने उनके एक ट्वीट के लिए फिर नोटिस दिया है। नोटिस में वह ट्वीट पूरा लिखा हुआ है और द टेलीग्राफ ने अपनी खबर में लिखा है कि नोटिस जारी होने के बाद ट्वीट तो डिलीट कर दिया गया है पर उनसे यह ट्वीट करने का कारण पूछा गया है। द टेलीग्राफ ने पहले पन्ने पर छपी अपनी खबर का शीर्षक लगाया है, ‘गोदी’ नोटिस फॉर स्टिकलर (नियम का पालन करने वाले को गोदी मीडिया के खिलाफ ट्वीट के लिए नोटिस) । इस खबर में बताया गया है गोदी मतलब अंग्रेजी का लैप होता है और गोदी मीडिया आंख मूंद कर सत्ता प्रतिष्ठान का समर्थन करने वालों के लिए गाली (अपमानजनक संदर्भ) है।


मैंने टेलीग्राफ की खबर का लिंक इस पोस्ट में लगाने के लिए शीर्षक गूगल किया तो ट्वीटर पर इससे जुड़े ट्वीट का लिंक मिला। इनमें कर्नाटक सरकार का नोटिस भी है। और बेशक हिन्दी के गोदी मीडिया को अंग्रेजी में लोकप्रिय बनाने का श्रेय कर्नाटक सरकार को दिया जाना चाहिए। अखबार की खबर से पता चलता है कि आईएएस अधिकारी मोहम्मद मोहसिन को नोटिस अखिल भारतीय सेवा (आचरण) नियम, 1968 के नियम सात तहत दी गई है। अखबार के अनुसार नियम सात सरकारी अधिकारियों को ऐसा कोई नजरिया प्रचारित – प्रसारित करने से रोकता है जिसे सरकार या उसकी नीतियों के खिलाफ माना जा सके। या जो दूसरी सरकार के साथ सरकार के संबंधों को लेकर मुश्किल स्थिति खड़ी करे।


ट्वीट गोदी मीडिया के खिलाफ है या ट्वीट के जरिए गोदी मीडिया से सवाल पूछा गया था इसे कर्नाटक की भाजपा सरकार ने अपने खिलाफ क्यों मान लिया या फिर इस ट्वीट से केंद्र सरकार के साथ उसके संबंधों को लेकर मुश्किल कैसे आ सकती है – यह सब समझना आसान नहीं है। फिर भी नोटिस तो नोटिस है हालांकि, आपको याद होगा कि प्रधानमंत्री के हेलीकॉप्टर की तलाशी लेने पर जारी नोटिस को केंद्रीय प्रशासनिक पंचाट ने हफ्ते भर के अंदर ही रोक दिया था। मुझे लगता है यह पावर दिखाने जैसा कोई मामला है। आपने रेलवे गुमटी बंद कर अपनी प्रेमिका को पावर दिखाने वाली कहानी सुनी ही होगी जिसमें डीएम साब की गाड़ी रोकने पर गुमटी वाले की पिटाई हो गई तो उसने अपनी प्रेमिका से कहा था मैंने अपनी पावर दिखाई, उनने अपनी दिखा दी।
यूनाइटेड इंडिया (@unitedI21299613) के हैंडल से एक ट्वीट मिला जो बताता है कि एनडीटीवी ने अपने आलेख में गोदी मीडिया का जिक्र नहीं किया है और इससे मुस्लिम भाई ये सोच रहे हैं कि उन्हें नोटिस इसलिए मिला क्योंकि उन्होंने प्लाज्मा दान देने के लिए तबलीगी जमात की तारीफ की थी। इस ट्वीट के साथ एनडीटीवी की खबर भी है जिसमें ट्वीट को कोट करते हुए कहा गया है कि कर्नाटक सरकार ने इस संदेश की निन्दा की है और कहा है कि मीडिया में इस ट्वीट को जो प्रतिकूल कवरेज मिला है उसे नोट किया गया है। अगर ऐसा भी हो, तो गोदी मीडिया या मीडिया ही, सरकार नहीं है और मीडिया के खिलाफ ट्वीट को सरकार नहीं माना जाना चाहिए। इसलिए कुछ लोग इसे मुसलमान के खिलाफ भी मान रहे हैं। #stoptargetingmuslims का हैशटैग भी चल रहा है।

Facebook Comments
(Visited 6 times, 1 visits today)

Leave a Reply

Your email address will not be published.

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.